बाबा काशी विश्वनाथ के सानिध्य में अष्टम एवं समापन दिवस धूमधाम से मनाया गया।
उत्तरकाशी।
बाबा काशी विश्वनाथ जी के सानिध्य और प्रेरणा में आयोजित “फूलदेई कार्यक्रम” का आज अष्टम एवं समापन दिवस मंदिर प्रांगण में हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस पावन अवसर पर उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल अपने परिवार सहित उपस्थित रहे, साथ ही गंगोत्री विधानसभा के पूर्व विधायक विजयपाल सिंह सजवाण भी कार्यक्रम में शामिल हुए।
इस विशेष दिन पर बाल फुल्यारों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार मंदिर प्रांगण में फूलदेई उत्सव मनाया और गीत गाए। उन्होंने मंदिर एवं आसपास के सभी मंदिरों की देहरी पर फूल अर्पित कर सुख, समृद्धि और मंगलकामना की प्रार्थना की।
कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने बच्चों को प्रेरणादायक जीवन मूल्यों से अवगत कराते हुए कहा कि संस्कृति और परंपरा से जुड़ाव हमारे मूल्यों को मजबूत करता है। हमें अपनी जड़ों से जुड़े रहकर आगे बढ़ना चाहिए। शिक्षा ही सशक्त भविष्य की कुंजी है। कठिन परिश्रम और अनुशासन के साथ पढ़ाई करें, क्योंकि यही सफलता का आधार है।संस्कार और सेवा भावना को जीवन में अपनाएं। अच्छे नागरिक बनकर समाज और देश की प्रगति में योगदान दें।स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लें। प्रकृति का संरक्षण हमारी जिम्मेदारी है, और यह पर्व हमें उसी का संदेश देता है।उन्होंने बच्चों को उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएँ दीं और समाज में सकारात्मक योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर बाल फुल्यारों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई, जिनमें दिया नौटियाल, वैष्णवी उनियाल, आदर्श, रुद्र, प्रियार्थ, आंशिक राणा, नंदिनी पयाल आदि शामिल रहे। सभी ने फूल अर्पित किए और समारोह को रंगीन बनाया।
महंत अजय पुरी ने सभी का स्वागत, अभिनंदन और आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम के समापन पर सभी आगंतुकों को श्री विश्वनाथ जी और फूलदेई पर्व की महत्वता से अवगत कराया गया और उत्तराखंड की समृद्ध लोकसंस्कृति को संजोने एवं आगे बढ़ाने का संकल्प कराया।
कार्यक्रम में श्री काशी विश्वनाथ गुरुकुलम समन्वयक: पारस कोटनाला, जगदंबा चौहान, किरन पंवार, अर्चना रतूड़ी, सुरेंद्र गंगाडी, गोपाल रावत, श्रीयम, अंकित, पृथ्वीराज, मंदीप, राजबीर, आदित्य आदि भी उपस्थित रहे।